शहर की आबोहवा को भंग करने की कोशिश, पांच घंटे बनी रही तनावपूर्ण स्थिति

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रुद्रपुर के आवास विकास क्षेत्र में प्रतिबंधित पशु और उसके बछड़े का मांस मिलने से विभिन्न हिन्दू संगठनों का फूटा गुस्सा

पुलिस अधिकारियों से नोंक-झोंक, मांस उठाने आई जेसीबी मशीनों को वापस भेजा

अज्ञात लोगों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज

 

मंडला आयुक्त दीपक रावत और डीआईजी कुमाऊं निलेश आनंद भरणे भी पहुंचे घटनास्थल

 

रुद्रपुर-(एम सलीम खान) अमन और चैन के दुश्मनों ने शहर की शांति व्यवस्था भग करने की कोशिश की,शहर के आवास विकास क्षेत्र में प्रतिबंधित पशु और उसके बछड़े का शव व मांस मिलने से शहर की स्थिति तनावपूर्ण हो गई। सुबह करीब सात बजे यह खबर जंगल की आग की तरह फैल गई। खबर के बाद विभिन्न हिन्दू संगठनों के दर्जनों लोगों घटनास्थल पर पहुंचे, और उन्होंने वहां हंगामा खड़ा कर दिया। मामले की सूचना पर पहुंचे शहर विधायक राजकुमार ठुकराल, कांग्रेस और आम आदमी पार्टी के नेता भी घटनास्थल पर पहुंचे।अपर पुलिस अधीक्षक नगर ममता वोहरा के साथ आक्रोशित लोगों की नोंक-झोंक हो गई। तनावपूर्ण स्थिति देख अधिकारियों के हाथ पांव फूल गए।एस ओ जी से कोतवाली पुलिस तक मौके पर पहुंच गई। स्थिति को देखते हुए आसपास के थानों से भी भारी पुलिस फोर्स को मौके पर बुलाया गया। पांच घंटे के भारी हंगामा होता रहा। उसके बाद पुलिस ने कड़ी मशक्कत के बाद मांस को पोस्टमार्टम के लिए पशु चिकित्सालय पहुंचाया। वही कोतवाली पुलिस ने इस मामले में अज्ञात लोगों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर ली।इधर हिन्दू वादी संगठनों ने मामले के खुलासे के लिए पुलिस को 24 घंटे का अल्टिमेटम दिया। थाना ट्रांजिट कैंप क्षेत्र के आवास विकास स्थित एक बरात घर के पास खाली पड़े प्लाट में सोमवार सुबह प्रतिबंधित पशु और उसके बछड़े का शव मिला। बताया जा रहा है कि सुबह एक रसोई गैस विक्रेता ने यह शव देखें और फिर इसकी सूचना पुलिस सहित राजनीतिक दलों और हिन्दू वादी संगठनों के लोगों तक पहुंचा दी। सुबह सात बजे के बाद घटना स्थल पर अचानक लोगों का हुजूम उमड़ पड़ा। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक दलीप सिंह कुंवर,अपर पुलिस अधीक्षक नगर ममता वोहरा, अपर जिला अधिकारी एल एन मिश्रा, उपजिलाधिकारी सदर प्रत्युष सिंह,सीओ सिटी रूद्रपुर अभय प्रताप सिंह, कोतवाल विक्रम राठौर व ट्रांजिट कैंप सहित आसपास के थानों की पुलिस फोर्स को मौके पर बुलाया गया। संगठनों से जुड़े लोगों का शव देखकर पारा सातवें आसमान पर पहुंच गया।

 

मामले के आरोपित लोगों के खिलाफ कार्रवाई की मांग को लेकर उनकी पुलिस से नोंक-झोंक शुरू हो गई। हंगामा इस कदर था कि स्थिति तनावपूर्ण हो गई। पुलिस अधिकारियों को आक्रोशित लोगों को काबू करने में कड़ी मशक्कत करनी पड़ी। पहले प्रदर्शनकारी मौके पर ही पोस्टमार्टम कराने की बात पर अंडे रहें लेकिन बाद में पुलिस के समझाने पर वह राजी हो गए। पुलिस ने प्रतिबंधित पशु मांस को पोस्टमार्टम के लिए पशु चिकित्सालय भेज दिया। इस दौरान विधायक राजकुमार ठुकराल, भाजपा जिलाध्यक्ष शिव अरोरा, कांग्रेस नेता जगदीश तनेजा, मीना शर्मा, अनिल शर्मा, गौरक्षा दल के अध्यक्ष लाखन सिंह जिलाध्यक्ष विराट कुमार आर्य,अमन कश्यप, आंसू सिंह,तपन शर्मा आदि लोगों वहां मौजूद थे। इधर घटना के बाद मौके पर जमा भीड़ और माहौल को देखते हुए आसपास के थानों से भी पुलिस फोर्स को मौके पर बुलाया गया।साथ ही मामला शांत होने के बाद घटनास्थल पर पुलिस और पीएसी को तैनात कर दिया गया है। इसके अलावा एस एस पी ने इस तरह की घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो इसके लिए पुलिस कर्मियों को क्षेत्र में गश्त बढ़ाने के निर्देश दिए हैं। कमिश्नर और डीआईजी ने की अफवाह न फैलाने की अपील अराजक तत्वों की ओर से शहर का माहौल ख़राब करने की कोशिश के बाद शाम को कुमाऊं कमिश्नर दीपक रावत और डीआईजी कुमाऊं निलेश आनंद भरणे ने मौका मुआयना किया और घटना की जानकारी ली। कमिश्नर रावत ने घटना के चलते किसी भी प्रकार की कानून व्यवस्था न बिगड़े इसके लिए सभी से सहयोग की अपेक्षा की अन्यथा की स्थिति में ठोस कार्रवाई की चेतावनी भी दी। उन्होंने अपील की कि कोई भी अफवाह न फैलाएं और सोशल मीडिया पर भी कोई ऐसी टिप्पणी न करें या उसके प्रसार न करें जिससे शहर का माहौल ख़राब हो। डीआईजी कुमाऊं डॉ निलेश आनंद भरणे ने कहा कि शहर का माहौल खराब नहीं होने दिया जाएगा। मामले के खुलासे के लिए पुलिस टीमें लगी हुई है। अगर माहौल खराब करने की किसी ने भी कोशिश की तो सख्त कार्रवाई की जाएगी।साथ ही आचार संहिता लागू है तो एन एस ए की कार्रवाई भी हो सकती है। उन्होंने कहा कि मुनादी कराकर व सोशल मीडिया के जरिए से भी प्रसार प्रचार कराकर अफवाह न फैलाने की अपील की गई है। डीआईजी ने बताया कि मामले के खुलासे के लिए पुलिस की कई टीमें को लगाया गया है।साथ ही करीब दस संदिग्धों से भी पुलिस ने पूछताछ शुरू कर दी है। वही आसपास के सीसीटीवी कैमरे की फुटेज भी खंगाली जा रही है।

 

24 घंटे में होगा मामले का खुलासा-एस एस पी कुंवर वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक दलीप सिंह कुंवर ने मामले का खुलासा 24 घंटे में करने का आश्वासन दिया है। उन्होंने अपील की है कि इस मामले में कोई भी अफवाह आदि न फैलाएं जिससे शहर का माहौल खराब हो। उन्होंने अनुरोध किया कि जनपद में धारा 144 एवं आदर्श आचार संहिता लागू है,व कोविड के कारण भी समूह में जमा न हो, पुलिस पर भरोसा रखें।एस एस पी ने कहा कि पुलिस इस प्रकरण में पूरी ईमानदारी एवं निष्पक्ष होकर इसका पटाक्षेप किया जाएगा। वही पुलिस द्वारा सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर भी निगरानी कर रही है। पुलिस को सहयोग प्रदान करें। तनावपूर्ण स्थिति में अपर पुलिस अधीक्षक नगर ममता वोहरा ने संभाली कमान आदर्श आचार संहिता के दौरान हुई इस घटना के बीच जो तनावपूर्ण स्थिति थी, उससे अकेले अपर पुलिस अधीक्षक नगर ममता वोहरा जूझ गई। सत्ता दल से लेकर विपक्षी दलों के नेताओं को संभाला और उनके ऊंचे स्वरों से बवाल की स्थिति पैदा न हो इसका भी भरस्क प्रयास किया। सत्ता धारी दल के जिलाध्यक्ष शिव अरोरा ने 24 घंटे का अल्टिमेटम दिया तो उनके समर्थन में अन्य लोग भी खड़े हो गए। विधायक राजकुमार ठुकराल ने आरोपियों को गिरफतार करने की मांग उठाई। इससे वहां काफी तनाव पूर्ण स्थिति पैदा हो गई।उस समय तक एस एस पी मौके पर नहीं पहुंचे थे।इस दौरान आक्रोशित लोगों से स्वयं अपर पुलिस अधीक्षक नगर ममता वोहरा लोहा लेती रही।भीड पर काबू न होने पर उन्होंने अतिरिक्त पुलिस फोर्स को मौके पर बुलाया। पूर्व पालिकाध्यक्ष श्रीमती मीना शर्मा और कांग्रेस नेता अनिल शर्मा ने विधायक ठुकराल और संजय ठुकराल पर लगाया जानलेवा हमले का आरोप शहर का माहौल खराब करने वाले अराजकता फैलने वाले लोगों के खिलाफ हुए हंगामे के बीच पूर्व पालिकाध्यक्ष श्रीमती मीना शर्मा और कांग्रेस नेता अनिल शर्मा सहित कई कांग्रेसी भी घटनास्थल पर पहुंचे थे।  इस दौरान कांग्रेस नेता अनिल शर्मा और विधायक राजकुमार ठुकराल तथा उनके भाई संजय ठुकराल के बीच नोंक झोंक शुरू हो गई। जिसके बाद वहां मौजूद पुलिस अधिकारियों ने दोनों पक्षों के बीच बीच बचाव किया। वही पूर्व पालिकाध्यक्ष मीना शर्मा और कांग्रेस नेता अनिल शर्मा का आरोप है कि विधायक राजकुमार ठुकराल और उसके भाई संजय ठुकराल ने उन पर जानलेवा हमला करने का प्रयास किया।जिसे लेकर सत्ता पक्ष और विपक्ष दल कांग्रेस के कार्यकर्ताओं के बीच तनातनी की स्थिति बन गई। वही भाजपा विधायक राजकुमार ठुकराल के भाई संजय ठुकराल ने हमारे संवाददाता एम सलीम खान से हुई दूरभाष पर हुई बातचीत में बताया कि कांग्रेसी नेता उन पर व विधायक पर कथित तौर पर झूठे आरोप लगा रहे हैं।

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