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स्वच्छता की पाठशाला एक नवाचारी प्रयोग नगर आयुक्त अभियान की की गई शुरुआत……

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श्रीनगर- शहर को स्वच्छ एवं सुंदर बनाने के लिए श्रीनगर की नगर आयुक्त नूपुर वर्मा द्वारा स्वच्छता की पाठशाला एक नवाचारी अभियान की शुरुआत की गई संपूर्ण स्वच्छता के लिए समर्पित इस कार्यक्रम का उद्घाटन नूपुर वर्मा द्वारा राजकीय बालिका इंटर कॉलेज से किया गया कार्यक्रम के उद्घाटन संबोधन में नगर आयुक्त महोदया द्वारा एक तरफ जहां बच्चों को सफलता के लिए कठिन मेहनत करने का मंत्र दिया वहीं दूसरी और स्वच्छता के पवित्र अभियान में शामिल होने का आह्वान भी किया।

ठोस कचरा प्रबंधन को प्रभावी बनाने के लिए स्वच्छता की पाठशाला के अभिनव कार्यक्रम में स्पेस सोसाइटी के परियोजना निदेशक मदन भारती एवं स्कूल स्टाफ सहित समस्त विद्यार्थियों ने प्रतिभाग किया। नगर आयुक्त ने जानकारी देते हुए बताया कि हमें नियमित तौर से अपने हाथ धोने चाहिए। साथ ही हमें अभियान चलाकर अपने घर, मोहल्ले और शहर में नशा जैसी बीमारी के खिलाफ अभियान की शुरुआत करनी चाहिए।

साथ ही उन्होंने कहा कि घरों एंव समाज के सभी लोगों तक स्वच्छता का संदेश पहुंचाने के लिए बच्चे सबसे सशक्त माध्यम हैं स्वच्छता की पाठशाला में मुख्य वक्तव्य रखते हुए स्पेस सोसाइटी के परियोजना निदेशक मदन भारती ने ठोस कचरा प्रबंधन पर विशेष जानकारी देते हुए बताया कि हमें गीला और सूखा कचरा न केवल अलग-अलग रखना है अपितु रसोई के गीले कचरे से हम अपने घर में ही घडे या किसी पुरानी बाल्टी में खाद बना सकते हैं

 

साथ ही उन्होंने कूड़े के संदर्भ में रियूज, रीसाइकलिंग और रिड्यूस के विषय में भी विस्तार से जानकारी दी। शहर को डेंगू मुक्त बनाने के लिए अपने आसपास गड्ढे या बर्तनों में लंबे समय तक पानी रखने से डेंगू का मच्छर पैदा होता है इसलिए हम इस प्रकार के पानी को नियमित तौर पर बदलते रहें। स्वच्छता की पाठशाला का कार्यक्रम का आयोजन अब तक 12 राजकीय विद्यालयों में किया जा चुका है।

 

जिनमें मुख्यतः राजकीय बालिका इंटर कालेज, राजकीय इंटर कालेज, रा० न० न० पा० विद्यालय, रा० प्रा० विद्यालय, रा० प्रा० विद्यालय भक्तियाना, रा० प्रा० विद्यालय रेवडी, रा० आ० प्रा० विद्यालय श्रीकोट, रा० उ० मा० विद्यालय श्रीकोट, रा० इ० कालेज स्वीत, रा० प्रा० विद्यालय स्वीत रा० उ०मा० विद्यालय गइड, रा० प्रा० विद्यालय गहड़ शामिल हैं। आगामी दिनो मे शेष 5 राजकीय विद्यालयों में नवाचारी अभियान के तहत कार्यक्रमों का आयोजन किया जाएगा।

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