‘इस पेड़ की जिम्मेदारी मेरी है’ संदेश के साथ न्यायालय परिसरों में चला वृक्षारोपण अभियान

👇समाचार सुनने के लिए यहां क्लिक करें

ख़बर शेयर करें -

नैनीताल। विश्व पर्यावरण दिवस के अवसर पर जिला विधिक सेवा प्राधिकरण नैनीताल के तत्वावधान में जिला न्यायालय परिसर नैनीताल, बाह्य न्यायालय हल्द्वानी, रामनगर तथा धारी न्यायालय परिसर में वृक्षारोपण अभियान चलाया गया। इस दौरान न्यायिक अधिकारियों, अधिवक्ताओं और कर्मचारियों ने औषधीय एवं फलदार पौधे रोपित कर पर्यावरण संरक्षण का संकल्प लिया।

यह कार्यक्रम माननीय उत्तराखण्ड राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण के निर्देशानुसार तथा जिला न्यायाधीश एवं अध्यक्ष जिला विधिक सेवा प्राधिकरण नैनीताल प्रशांत जोशी के मार्गदर्शन में आयोजित किया गया। वृक्षारोपण अभियान के दौरान पर्यावरण संरक्षण के महत्व पर विशेष जोर दिया गया।

कार्यक्रम को संबोधित करते हुए जिला न्यायाधीश प्रशांत जोशी ने कहा कि पर्यावरण को सुरक्षित रखना हम सभी की सामूहिक जिम्मेदारी है। प्राकृतिक संसाधनों का संरक्षण तथा सतत विकास की दिशा में कार्य करना मानव जीवन का प्रमुख उद्देश्य होना चाहिए। उन्होंने कहा कि स्वच्छ एवं सुरक्षित पर्यावरण स्वस्थ जीवन की आधारशिला है। इसके लिए केवल पौधे लगाना ही पर्याप्त नहीं है, बल्कि उनकी उचित देखभाल और नियमित सिंचाई सुनिश्चित करना भी उतना ही आवश्यक है।

उन्होंने उपस्थित लोगों को “इस पेड़ की जिम्मेदारी मेरी है” का संदेश देते हुए पौधों के संरक्षण और संवर्धन के लिए व्यक्तिगत जिम्मेदारी निभाने का आह्वान किया।

वृक्षारोपण कार्यक्रम में प्रधान न्यायाधीश परिवार न्यायालय सुशील तोमर, प्रथम अपर जिला न्यायाधीश संजीव कुमार, मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट रविशंकर मिश्रा, सिविल जज (सीनियर डिवीजन) आलोक राम त्रिपाठी, अपर मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट रवि रंजन, जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की सचिव एवं सिविल जज (सीनियर डिवीजन) पारुल थपलियाल, न्यायिक मजिस्ट्रेट उर्वशी रावत, न्यायिक मजिस्ट्रेट स्नेहा नारंग तथा सिविल जज चंदेश्वरी सिंह सहित अनेक न्यायिक अधिकारी उपस्थित रहे।

कार्यक्रम में चीफ लीगल एड डिफेंस काउंसिल सोहन तिवारी, बार एसोसिएशन अध्यक्ष अरुण बिष्ट, सचिव संजय सुयाल, रिटेनर अधिवक्ता तारा आर्या सहित अधिवक्ताओं एवं न्यायालय कर्मियों ने भी सहभागिता कर पर्यावरण संरक्षण के प्रति अपनी प्रतिबद्धता व्यक्त की। वृक्षारोपण अभियान के माध्यम से पर्यावरण संरक्षण और हरित भविष्य का संदेश दिया गया।

और पढ़ें

error: Content is protected !!